बांसडीह (बलिया)। बांसडीह तहसील में तैनात लेखपाल उमेश कुमार वर्मा के साथ सरकारी जांच के दौरान बदसलूकी, सरकारी दस्तावेज फाड़ने और जान से मारने की धमकी देने के आरोप में सहतवार थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
जानकारी के अनुसार, लेखपाल उमेश कुमार वर्मा मंगलवार को आईजीआरएस संदर्भ और जिलाधिकारी जनसुनवाई से संबंधित एक शिकायत की जांच के लिए सहतवार थाना क्षेत्र के सुरहिया गांव पहुंचे थे। जांच के दौरान शिकायतकर्ता ललिता देवी, उनकी पुत्री पुनिता वर्मा तथा परिवार की दो अन्य अज्ञात महिलाओं ने कथित तौर पर लेखपाल पर अवैध एवं अनुचित कार्य करने का दबाव बनाया।
आरोप है कि लेखपाल द्वारा नियमों के विरुद्ध कार्य करने से इनकार करने पर चारों महिलाएं आक्रोशित हो गईं और सरकारी कार्य में बाधा डालते हुए हंगामा करने लगीं। इस दौरान उन्होंने लेखपाल के पास मौजूद महत्वपूर्ण सरकारी जांच दस्तावेज छीनकर फाड़ दिया, जिससे जांच प्रक्रिया प्रभावित हो गई।
लेखपाल का आरोप है कि विरोध करने पर महिलाओं ने गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी भी दी। घटना के बाद लेखपाल की तहरीर पर सहतवार थाने में संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की जांच कर आगे की विधिक कार्रवाई में जुटी है।

