दयाछपरा(बलिया)।जहां अधिकारी हो दरिद्र हो जाय,वहाँ न्याय की उम्मीद नहीं की जा सकती।इसमें कोई संदेह नहीं है कि यहां के अधिकारी भ्रष्टतम है और मेरी सरकार की गरिमा को तार तार कर रहे हैं।अधिवक्ता भी अपनी गरिमा का ख्याल रखें।उक्त उद्गार बैरिया तहसील में अधिवक्ताओं के ऊपर हुए गैर कानूनी एफ आई आर के विरोध में चल रहे धरना प्रदर्शन में पूर्व विधायक सुरेंद्र सिंह के हैं।उन्होंने कहा कि कि यहां के अधिकारी का नियम है कि ऑफिस की कुर्सी पर बैठने के बाद आज कितना जमा हुआ यही देखते हैं।इसके लिए दोषी मेरे सामान नेता व कुर्सी पर बैठने वाले अधिकारी भी हैं।नेता संविधान की शपथ लेकर गलत कार्य करता है ऐसा नेता शैतान है।मै अपने कार्यकाल में किसी के कार्य के लिए एक कप चाय भी नहीं पिये है,कोई नहीं कह सकता।मै गलत का विरोध करने के लिए आपके साथ हूं अगर जरूरत पड़ी तो मुख्यमंत्री तक इस मामले को अवगत कराऊंगा।अधिवक्ताओं पर लगा एफ आई आर वापस होगा नहीं तो उन लोगो पर भी होगा।धरने में तहसील बार एसोसियन के अध्यक्ष राकेश मिश्रअधिवक्ता देवेंद्र मिश्र,कृष्ण कुमार यादव,महामंत्री राजकुमार तिवारी,अंजनी कुमार,यशवंत सिंह,विनय पांडेय,चंद्रशेखर यादव आलोक तिवारी,अमित उपाध्याय,बंटी सिंह आदि थे।संचालन अधिवक्ता राम प्रकाश सिंह ने किया।
जहां अधिकारी ही दरिद्र हो जाय,वहाँ न्याय की उम्मीद नहीं: सुरेन्द्र सिंह

