बांसडीह(बलिया)। नवसृजित देशी शराब की दुकान को लेकर चल रहा विवाद मंगलवार को एक बार फिर गरमा गया। ब्लाक के देवरार गांव स्थित पंचायत भवन में प्रशासन और ग्रामीणों के बीच हुई बैठक बेनतीजा रही। दोनों पक्ष अपने-अपने रुख पर कायम रहे।
बैठक में एसडीएम पुष्कर मिश्रा ने कहा कि देशी शराब की दुकान का आवंटन शासन स्तर से विधिवत किया गया है, इसलिए दुकान खुलेगी। उन्होंने कहा कि दुकान बंद रहने से सरकार को राजस्व का नुकसान हो रहा है। एसडीएम ने ग्रामीणों से अपील करते हुए कहा कि यदि किसी को आपत्ति है तो वह प्रशासन के समक्ष अपनी बात रखे, लेकिन कोई भी व्यक्ति दुकान पर जाकर विरोध-प्रदर्शन न करे। कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की अनुमति किसी को नहीं दी जाएगी।
सीओ जयशंकर मिश्र ने भी कहा कि किसी भी विवाद का समाधान बातचीत से ही संभव है। उन्होंने लोगों से कानून हाथ में न लेने और अपनी शिकायत प्रशासन तक पहुंचाने की अपील की।
वहीं, ग्रामीण अपने विरोध पर अडिग रहे। उन्होंने स्पष्ट कहा कि गांव के समीप शराब की दुकान किसी भी हाल में स्वीकार नहीं होगी। ग्रामीणों ने कहा कि वे लोकतांत्रिक तरीके से अपना विरोध जारी रखेंगे और किसी भी कीमत पर यहां शराब की दुकान नहीं चलने देंगे। इससे पहले मंगलपुरा और डुहीमुशी में विरोध के बाद आबकारी विभाग ने दुकान को घोघा चट्टी स्थानांतरित किया हैं। शनिवार को वहां भी महिलाओं के विरोध के चलते प्रशासन ने एहतियातन दुकान को अस्थायी रूप से बंद करा दिया था। इसी विवाद के समाधान के लिए मंगलवार को पंचायत भवन में बैठक बुलाई गई, लेकिन कोई सहमति नहीं बन सकी।
बैठक में थानाध्यक्ष मनियर अजय तिवारी, प्रधान शैलेश सिंह,दया राजभर संजीव सिंह,शिवजी साहनी रामायण साहनी, अशोक सिंह आदि थे।

