बलिया । स्नातकोत्तर महाविद्यालय बाँसडीह, बलिया में शनिवार को शिक्षक दिवस के अवसर पर “ज्ञान से नवाचार तक : विकसित भारत के निर्माण में शिक्षक की भूमिका” विषय पर संगोष्ठी का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ प्राचार्य डॉo फिरोज़ खान एवं अन्य गणमान्य व्यक्तियों द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया गया
कार्यक्रम की मुख्य वक्ता मथुरा पी.जी. कॉलेज,रसड़ा, बलिया की शिक्षाशास्त्र विभाग की असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. आलिया खातून, ने कहा कि शिक्षक केवल विद्यार्थियों को पाठ्यक्रम का ज्ञान देने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वे विद्यार्थियों में रचनात्मक सोच, वैज्ञानिक दृष्टिकोण, नैतिक मूल्यों और नेतृत्व क्षमता का विकास कर राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
परिचर्चा में शिक्षा के बदलते स्वरूप, तकनीकी एवं नवाचार आधारित शिक्षण तथा विद्यार्थियों को भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करने जैसे विषयों पर भी विचार-विमर्श किया गया।
कार्यक्रम में डॉo भीम सिंह,डॉo हंसराज यादव, डॉo रंजीत गुप्ता, डॉo राजेंद्र कुमार पाठक, सुरेश राम , हर्ष डॉo कमलेश रवि डॉo जियाउल इस्लाम सहित महाविद्यालय के शिक्षक एवं अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे। अन्त में प्राचार्य डॉo फिरोज़ खान ने सभी को धन्यवाद ज्ञापित किया तथा कार्यक्रम का संचालन कनीज फातमा ने किया।


